जांजगीर-चांपा। कुछ सप्ताह पहले कथित रूप से नशे की हालत में पहुंचे दूल्हे की बारात लौटाकर पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बनीं मुस्कान प्रधान ने अब उसी युवक संत कुमार के साथ विवाह कर नया जीवन शुरू कर लिया है। गुरुवार को दोनों ने खोखरा गांव स्थित मनका दाई मंदिर में हिंदू रीति-रिवाज से सात फेरे लेकर विवाह किया। इस अप्रत्याशित फैसले ने एक बार फिर पूरे जिले में चर्चा छेड़ दी है। जानकारी के अनुसार, 23 जून को शादी टूटने के बाद दोनों के बीच लगातार बातचीत होती रही। इस दौरान आपसी गलतफहमियां दूर हुईं और दोनों ने रिश्ते को दूसरा मौका देने का निर्णय लिया। गुरुवार को महिला परिवार परामर्श केंद्र से निकलने के बाद मुस्कान सीधे खोखरा गांव पहुंचीं, जहां संत कुमार और उनके परिजन पहले से मौजूद थे। मंदिर में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच दोनों ने विवाह की सभी रस्में पूरी कीं।
शाम तक घर नहीं लौटीं तो परिजनों ने दी सूचना
शाम तक मुस्कान के घर नहीं लौटने और मोबाइल बंद मिलने पर परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस और साइबर टीम ने उनकी तलाश शुरू की। जांच में पता चला कि वह संत कुमार के घर पर हैं। इसके बाद चांपा सीएसपी योगिता खपड़े पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचीं। पुलिस ने दोनों से अलग-अलग बातचीत की। अधिकारियों के अनुसार, मुस्कान ने स्पष्ट कहा कि उन्होंने अपनी इच्छा से संत कुमार से विवाह किया है और उनके साथ रहना चाहती हैं। इसके बाद आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर मामला समाप्त कर दिया गया।
दूल्हे का दावा— कोल्ड ड्रिंक में मिलाया गया था नशीला पदार्थ
संत कुमार का कहना है कि शादी वाले दिन उन्होंने शराब नहीं पी थी। उनका दावा है कि किसी ने उनकी कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ मिला दिया था, जिससे उनकी तबीयत बिगड़ गई और लोगों को लगा कि वे नशे में हैं। हालांकि, इस दावे की अब तक किसी जांच एजेंसी या प्रशासन की ओर से आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
पहले फैसले से बनी थीं मिसाल
23 जून को मुस्कान प्रधान ने कथित रूप से नशे की हालत में पहुंचे दूल्हे को देखकर शादी से इनकार कर दिया था। उनका यह फैसला पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बना था। उन्होंने कहा था कि जो व्यक्ति अपनी शादी के दिन खुद पर नियंत्रण नहीं रख सकता, वह जीवनभर जिम्मेदारी कैसे निभाएगा। उनके इस साहसिक कदम की जिला प्रशासन, पुलिस और कई सामाजिक संगठनों ने सराहना की थी। जांजगीर-चांपा के पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पांडेय ने उन्हें सम्मानित किया था और बाद में महिला परिवार परामर्श केंद्र में काउंसलर की जिम्मेदारी भी सौंपी गई थी।
बारात लौटाने के साहसिक निर्णय के बाद अब उसी युवक से विवाह करने के फैसले को लेकर मुस्कान प्रधान एक बार फिर सुर्खियों में हैं। सोशल मीडिया पर इस फैसले को लेकर मिश्रित प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। फिलहाल दोनों ने अपनी इच्छा से वैवाहिक जीवन शुरू करने का निर्णय लिया है, जबकि शादी वाले दिन हुई घटना को लेकर किए गए दावों की आधिकारिक पुष्टि अब भी नहीं हुई है।